Thursday, April 15, 2021
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IPL 2021 News; MS Dhoni Shardul Thakur Suresh Raina | SWOT Analysis Of Chennai Super Kings (CSK) Team | रैना, रायडू, ब्रावो और कप्तान धोनी से मिडिल ऑर्डर मजबूत; पर डेथ ओवर्स में स्पेशलिस्ट बॉलर्स की कमी पड़ सकती है भारी


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मुंबई24 मिनट पहले

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महेंद्र सिंह धोनी की कप्तानी में चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) टीम चौथी बार खिताब जीतने के लिए उतरेगी। टीम के नाम सबसे ज्यादा 8 बार फाइनल खेलने का रिकॉर्ड दर्ज हैं, लेकिन पिछले सीजन में वह पहली बार प्ले-ऑफ से बाहर हुई थी। टीम नंबर-7 पर रही थी। पिछली बार टीम के टॉप स्कोरर सुरेश रैना और टॉप विकेट टेकर हरभजन सिंह टीम में नहीं थे। हालांकि रैना की इस बार वापसी हुई है, जबकि हरभजन कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलेंगे।

रैना और रोबिन उथप्पा के जुड़ने से और ड्वेन ब्रावो के फिट होने से टीम का मिडिल ऑर्डर काफी मजबूत हो गया है। लेकिन डेथ ओवर्स के लिए टीम के पास स्पेशलिस्ट बॉलर्स नहीं हैं, जो एक बड़ी परेशानी हो सकती है।

ऐसे ही कुछ महत्वपूर्ण बिंदुओं के साथ 2021 सीजन के लिए CSK की टीम का SWOT एनालिसिस करते हैं। यानी टीम की मजबूती (Strength), कमजोरी (Weakness), अवसर (Opportunity) और खतरे (Threat) का विश्लेषण।

  • स्ट्रेंथ-1 मजबूत बल्लेबाजी और मिडिल ऑर्डर

CSK टीम में ओपनिंग के लिए 4 खिलाड़ी दावेदार हैं। यह हैं- ऋतुराज गायकवाड, रोबिन उथप्पा, फाफ डु प्लेसिस और मोइन अली। इसी के साथ टीम का मिडिल ऑर्डर भी काफी मजबूत है। यहां बल्लेबाजी के लिए सुरेश रैना, ड्वेन ब्रावो, अंबाती रायडू और कप्तान महेंद्र सिंह धोनी खुद हैं। ऑलराउंडर मोइन अली यदि ओपनिंग करने नहीं आते हैं, तो भी 7वें नंबर पर बल्लेबाजी कर टीम को मजबूती देंगे।

CSK के पास सैम करन जैसे फॉस्ट बॉलिंग ऑलराउंडर भी हैं, जो किसी भी कंडीशन में मैच जिताने की ताकत रखते हैं। पिछले ही महीने टीम इंडिया के खिलाफ इस इंग्लिश ऑलराउंडर ने तीसरे वनडे में मैच लगभग जिता ही दिया था, लेकिन भारत की अच्छी गेंदबाजी के कारण आखिरी समय में मैच पलट गया था।

  • स्ट्रेंथ-2 स्पिन गेंदबाजी

धोनी की कप्तानी वाली CSK टीम स्पिन डिपार्टमेंट में काफी मजबूत है। टीम के पास रविंद्र जडेजा, इमरान ताहिर, मोइन अली, कृष्णप्पा गौतम, कर्ण शर्मा जैसे स्पिनर हैं। धोनी एंड मैनेजमेंट को उम्मीद थी कि हर बार की तरह उन्हें आधे मैच अपने होम ग्राउंड यानी चेन्नई में खेलने होंगे। इस पिच पर स्पिनर्स को मदद मिलती है, इसलिए मैनेजमेंट ने टीम में ज्यादा स्पिनर्स को जगह दी।

कोरोना के चलते BCCI ने ऐसा शेड्यूल बनाया है, जिसके तहत इस बार कोई टीम अपने घर में नहीं खेलेगी। CSK टीम को मुंबई में 5, दिल्ली में 4, बेंगलुरु में 3 और कोलकाता में 2 मुकाबले खेलना है। इन चारों मैदान की पिच पाटा होती है, जहां बल्लेबाजों को मदद मिलती है। खासकर मुंबई और बेंगलुरु की पिच पर स्पिनर्स को मदद मिलना मुश्किल है। हालांकि, दिल्ली और कोलकाता में थोड़ी मदद मिलने की उम्मीद है।

22 साल BCCI के चीफ क्यूरेटर रहे दलजीत सिंह का मानना है कि भारत की ज्यादातर पिचों पर स्पिनर्स को मदद मिलती है। भारतीय पिचें स्पिनर्स के लिए ही जानी जाती हैं। ऐसे में CSK टीम काफी मजबूत नजर आती है।

  • कमजोरी: डेथ ओवर में स्पेशलिस्ट बॉलर की कमी

CSK टीम के पास तेज गेंदबाजों में ड्वेन ब्रावो, शार्दूल ठाकुर, लुंगी एनगिडी, दीपक चाहर, सैम करन और केएम आसिफ जैसे प्लेयर हैं। इनमें शार्दूल और ब्रावो लीडिंग विकेट टेकर हैं। इन सबके बावजूद टीम के पास डेथ ओवर्स में रन बचाने के लिए स्पेशलिस्ट बॉलर की कमी है। ब्रावो और शार्दूल मिडिल ऑर्डर में अच्छी गेंदबाजी करते हैं।

शुरुआत में ब्रावो डेथ ओवर्स में अच्छी बॉलिंग करते थे, लेकिन बढ़ती उम्र के कारण उनकी बॉलिंग में धार कम होती दिखती है। साउथ अफ्रीका के एनगिडी और दीपक के पास डेथ ऑवर्स में गेंदबाजी का अनुभव काफी कम है। युवा एनगिडी ने नेशनल टीम के लिए अब तक सिर्फ 16 टी-20 खेले हैं, जिसमें 28 विकेट लिए। टीम में ऑस्ट्रेलियाई बॉलर जोश हेजलवुड भी थे, लेकिन उन्होंने नाम वापस ले लिया है।

  • अवसर: फाइनल में पहुंचने का माद्दा, चौथी बार खिताब जीतने का मौका

CSK ने लीग में सबसे ज्यादा 8 बार (2008, 2010, 2011, 2012, 2013, 2015, 2018, 2019) फाइनल खेला है। इस दौरान 3 बार (2018, 2011, 2010) खिताब जीता। ऐसे में धोनी की कप्तानी में CSK टीम फाइनल में पहुंचने का माद्दा तो रखती है, लेकिन उसके मुकाबले सफलता का प्रतिशत कम है। हालांकि इस बार टीम के पास चौथी बार खिताब जीतने का मौका है।

  • खतरा: धीमी शुरुआत और आखिर में तेजी से रन बनाने की एप्रोच

धोनी की कप्तानी में CSK टीम हमेशा ही शुरुआत में धीमी एप्रोच के साथ खेलती रही है। टीम विकेट बचाकर खेले और आखिर में ज्यादा से ज्यादा रन बनाए। टीम की यह एप्रोच पिछले साल पूरी तरह फ्लॉप रही। पिछला सीजन UAE में हुआ था, जहां अबुधाबी और शारजाह की पिच काफी छोटी थी, जहां जमकर रन बने।

CSK अपनी एप्रोच के कारण पीछे रही और ज्यादातर मैच हारे। पिछले सीजन में टीम पॉइंट टेबल में 7वें नंबर पर रही थी। यह लीग के इतिहास में पहली बार था, जब CSK टीम प्ले-ऑफ में नहीं पहुंची। धोनी की कप्तानी में यदि टीम को चौथा खिताब जीतना है, तो उसे ये एप्रोच बदलनी होगी।

CSK टीम

  • बैट्समैन: महेंद्र सिंह धोनी, सुरेश रैना, चेतेश्वर पुजारा, अंबाती रायडू, फाफ डु प्लेसिस, रोबिन उथप्पा, ऋतुराज गायकवाड, सी हरि निशांत और एन जगदीसन।
  • ऑलराउंडर: ड्वेन ब्रावो, सैम करन, रविंद्र जडेजा, मोइन अली, कर्ण शर्मा, मिचेल सेंटनर, भगत वर्मा और कृष्णप्पा गौतम।
  • बॉलर: दीपक चाहर, इमरान ताहिर, लुंगी एनगिडी, शार्दूल ठाकुर, केएम आसिफ, एम हरिशंकर रेड्डी और आर साई किशोर।

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