Wednesday, April 14, 2021
Home देश समाचार महाराष्ट्र में एक और लेटर बम: लिखित बयान में वझे ने कहा-...

महाराष्ट्र में एक और लेटर बम: लिखित बयान में वझे ने कहा- देशमुख की तरह ही मंत्री अनिल परब ने वसूली का टारगेट दिया, मुझे नौकरी से हटवाना चाहते थे शरद पवार; बचाने के लिए देशमुख ने 2 करोड़ मांगे


  • Hindi News
  • Local
  • Maharashtra
  • Sachin Vaze Letter NIA Update | Sachin VazeAllegations On Anil Deshmukh, Sharad Pawar And Shiv Sena Anil Parab

Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

मुंबईएक मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

एंटीलिया केस में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने बुधवार को पूर्व API सचिन वझे को स्पेशल कोर्ट में पेश किया। जांच एजेंसी की मांग पर कोर्ट ने वझे की कस्टडी 9 अप्रैल तक बढ़ा दी गई है। पेशी के दौरान सचिन वझे ने अदालत के सामने एक लिखित बयान पेश किया। यह बयान उसने NIA की कस्टडी के दौरान दिया था।

इसमें सचिन वझे ने महाराष्ट्र के पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के साथ ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर अनिल परब पर भी अवैध वसूली के लिए कहने का आरोप लगाया है। लिखित बयान में वझे ने यह भी कहा है कि वसूली कांड की पूरी जानकारी अनिल देशमुख के PA को थी। सचिन वझे ने अपने बयान में कहा कि NCP चीफ शरद पवार ने उनकी बहाली का विरोध किया था। वे चाहते थे कि वझे की बहाली रद्द कर दी जाए।

मेरी नौकरी बचाने के लिए देशमुख ने मांगे 2 करोड़ रुपए

सचिन वझे ने NIA को दिए बयान में कहा,’मैंने 6 जून 2020 को दोबारा ड्यूटी जॉइन की थी। मेरी ड्यूटी की ज्वॉइनिंग से शरद पवार खुश नहीं थे और उन्होंने मुझे दोबारा सस्पेंड करने के लिए कहा। ये बात मुझे खुद अनिल देशमुख ने बताई थी। उन्होंने मुझसे पवार साहब को मनाने के लिए 2 करोड़ रुपये भी मांगे थे। लेकिन इतनी बड़ी रकम देना मेरे लिए मुमकिन नहीं था। जिसके बाद गृह मंत्री ने मुझे इसे बाद में चुकाने को कहा। इसके बाद मेरी पोस्टिंग मुंबई के क्राइम इंटेलिजेंस यूनिट(CIU) में हुई।’

अनिल परब ने एक ट्रस्ट से जांच के नाम पर पैसे वसूलने को कहा

सचिन वझे ने मंत्री अनिल परब पर आरोप लगाते हुए कहा,’इसके बाद अक्टूबर 2020 में अनिल देशमुख ने मुझे सह्याद्रि गेस्ट हाउस में बुलाया। लेकिन उससे पहले ही जुलाई-अगस्त 2020 में महाराष्ट्र के मंत्री अनिल परब ने मुझे अपने सरकारी बंगले पर बुला था। इसी सप्ताह डीसीपी पद पोस्टिंग को लेकर इंटरनल आर्डर भी दिए गए थे।’

वझे ने आगे बताया कि मीटिंग के दौरान अनिल परब ने मुझसे कहा SBUT ( Saifee Burhani Upliftment Trust) कंप्लेंट पर ध्यान दो। जो कि एक प्रीलिमिनरी स्टेज पर थी। साथ ही मुझे बोला गया कि मैं SBUT के ट्रस्टी से इन्क्वायरी बंद करने के लिए सौदेबाजी करूं और इसके लिए 50 करोड़ की रकम की डिमांड करूं। उन्होंने मुझे रकम के लिए शुरुआती बात करने के लिए भी कहा, लेकिन मैंने ऐसा करने से मना कर दिया क्योंकि मैं SBUT में से किसी को भी नही जानता हूं और इस इन्क्वायरी से भी मेरा कोई लेना देना नहीं था।

परब ने 50 कंपनियों से 2-2 करोड़ रुपए वसूली के लिए कहा

अनिल परब के साथ हुई एक और मुलाकात का जिक्र करते हुए वझे ने कहा,’जनवरी 2020 में मंत्री अनिल परब ने दोबारा मुझे अपने सरकारी बंगले पर बुलाया और BMC में लिस्टेड Praudulant contractor के खिलाफ जांच की कमान संभालने को कहा। मंत्री अनिल परब ने इसी तरह की 50 लिस्टेड कंपनियों में से हर कंपनी से 2 करोड़ रुपये लेने के लिए कहा। क्योंकि एक शिकायत पर इन कंपनियों के खिलाफ जांच चल रही थी, जो शुरुआती दौर में थी।’

अनिल देशमुख ने 1650 पब और बार से वसूली करने को कहा

जनवरी 2021 में गृहमंत्री अनिल देशमुख ने मुझे अपने सरकारी बंगले पर बुलाया। तब उनके पीए कुंदन भी वहां मौजूद थे। इसी समय मुझसे मुंबई में 1650 पब, बार मौजूद होने और उनसे हर महीने 3 लाख रुपये के कलेक्शन की बात कही गई, इस पर मैंने गृहमंत्री अनिल देशमुख से कहा कि मेरे मुताबिक शहर में 1650 बार नहीं बल्कि सिर्फ 200 बार ही मौजूद है।

आगे सचिन वझे ने बताया कि मैंने गृहमंत्री को इस तरह बार से पैसा इकट्ठा करने से भी मना कर दिया था क्योंकि मैंने उन्हें बताया था कि ये मेरी क्षमता से बाहर की बात है। तब गृहमंत्री के पीए कुंदन ने मुझे कहा था कि अगर मैं अपनी जॉब और पोस्ट को बचाना चाहता हूं, तो वही करूं, जो गृहमंत्री कह रहे है।

परमबीर सिंह को बताई वसूली के पूरे खेल की पूरी कहानी

पत्र के आखिर में वझे ने बताया,’इसके बाद ये बात मैंने तत्कालीन कमिश्नर परमबीर सिंह को ये पूरी बात बता दी थी.और ये भी कहा था कि आने वाले भविष्य में मुझे किसी कंट्रोवर्सी में फंसा दिया जाएगा। इसके बाद तत्कालीन कमिश्नर परमबीर सिंह ने मुझे किसी भी अवैध वसूली में शामिल होने से मना कर दिया था।’

पत्र के आखिर में वझे ने लिखा-जज साहब मैं यह बातें आपके सामने इसलिए ला रहा हूं क्यूंकि मैं चाहता हूं कि मुझे न्याय मिले।

देशमुख के साथ अनिल परब भी सीबीआई की रडार पर

सचिन वझे के इस खुलासे के बाद पूर्व गृह मंत्री अनिल देशमुख के साथ ट्रांसपोर्ट मंत्री अनिल परब की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। भाजपा को फिर से महाराष्ट्र सरकार को घेरने का मौका मिल गया है। वझे का यह बयान मुंबई के पूर्व कमिश्नर परमबीर सिंह के देशमुख पर लगाए 100 करोड़ की वसूली के आरोप की पुष्टि करते हैं। इस मामले की जांच के लिए सीबीआई की टीम मुंबई पहुंच चुकी है, माना जा रहा है कि कुछ घंटे में वह सचिन वझे से पूछताछ कर सकती है। वझे के खुलासे के बाद अब CBI की रडार पर मंत्री अनिल परब भी आ चुके हैं।

खबरें और भी हैं…



Source link

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments